
आज कल के बहुत से युवा इस वजह से कंडोम अपने जेब या पर्स में रखते है ताकि एमरजेंसी के वक़्त इसकी जरुरत पड़े तो इसे युज में ले सके लेकिन क्या आपको पता है की आपकी यह आदत सुरक्षित है या नहीं वि शेषज्ञों के हिसाब से आपका इस तरह कंडोम जेब में रखना वो कॉन्डम बिना प्रयोग की गयी कॉन्डम के बराबर ही है।
क्यूकी आपके जेब में रखने की वजह से वो कॉन्डम ख़राब हो सकती है और टूट भी सकती है |
विशेषज्ञों की मने तो कंडोम को जेब में रखने पर गर्मी, मॉइश्चर, फ्रिक्शन और लाइट के प्रभाव से कॉन्डम की क्वालिटी पर असर पड़ता है और ये इस्तेमाल के काबिल नहीं रहती है।हमारे शरीर का तापमान गर्म होने की वजह से पर्स और जेब जैसी जगहें कॉन्डम रखने के उचित नहीं हैं और इस तरह तापमान बढ़ने से लैटेक्स पर असर पड़ता है और ये कॉन्डम को कम प्रभावी बनाता है जिससे इसके फटने का भी खतरा रहता है।
विशेषज्ञों की मने तो कंडोम को जेब में रखने पर गर्मी, मॉइश्चर, फ्रिक्शन और लाइट के प्रभाव से कॉन्डम की क्वालिटी पर असर पड़ता है और ये इस्तेमाल के काबिल नहीं रहती है।हमारे शरीर का तापमान गर्म होने की वजह से पर्स और जेब जैसी जगहें कॉन्डम रखने के उचित नहीं हैं और इस तरह तापमान बढ़ने से लैटेक्स पर असर पड़ता है और ये कॉन्डम को कम प्रभावी बनाता है जिससे इसके फटने का भी खतरा रहता है।